माँ को लगा जैसे अरुण अब घर से बिल्कुल कट चुका है। तभी उन्होंने रवि को फोन किया और वही डायलॉग बोला, “बेटा, तू दुबई की नौकरी छोड़कर घर आजा…”
रवि ने माँ की आवाज़ में छिपा दर्द सुना, लेकिन वह कुछ जवाब नहीं दे पाया।
सीमा का संघर्ष
सीमा के लिए दिन भारी होने लगे। भाभी का बदला हुआ रवैया, सास की चिंता और पति से दूर रहने का दुख… ये सब उसे भीतर से तोड़ रहे थे।
एक रात सीमा ने भाभी को अपने कमरे से बाहर चुपके से निकलते देखा। उसके पीछे-पीछे गई तो देखा कि भाभी आँगन में किसी से धीमी आवाज़ में बात कर रही थी। वही संदीप था। दोनों हँस रहे थे, और जब काजल ने उसका हाथ पकड़ा तो सीमा के होश उड़ गए।
सीमा ने चाहा कि तुरंत जाकर माँ को बताए, लेकिन उसी वक्त भाभी ने उसे देख लिया। अगले दिन सुबह ही काजल ने सीमा से कहा, “देख, जो तूने देखा है, उसे अगर ज़ुबान पर लायी तो तेरे पति को यहाँ पैर रखने नहीं दूँगी। समझी?”
सीमा सहम गई। उसने कभी नहीं सोचा था कि भाभी इतनी धमकी भरे अंदाज में बात करेगी।
घर में बढ़ती दरार
माँ को महसूस हो रहा था कि घर में कुछ गड़बड़ है। वो बार-बार कहतीं, “सीमा, तू मुझसे कुछ छुपा रही है? तेरे चेहरे से लगता है कुछ ठीक नहीं है।”
लेकिन सीमा चुप रही। वो जानती थी कि अगर उसने सच बताया तो घर में तूफ़ान खड़ा हो जाएगा। पर उसके दिल में डर घर कर गया था कि कहीं भाभी का ये रिश्ता पूरे घर को बरबाद न कर दे।
बड़ा खुलासा
कुछ दिनों बाद ही सच सामने आ गया। माँ ने अचानक एक शाम काजल और संदीप को घर के ही कमरे में रंगे हाथ पकड़ लिया।
माँ का गुस्सा सातवें आसमान पर था। उन्होंने चिल्लाकर कहा, “काजल! ये तू क्या कर रही है? तेरे पति दुबई में खून-पसीना बहा रहे हैं और तू यहाँ…”
काजल भी कम चालाक नहीं थी। उसने तुरंत माँ को धक्का दिया और बोली, “ज़्यादा ड्रामा मत करो। अगर तुमने ये बात किसी को बताई तो मैं सीमा पर इल्जाम लगा दूँगी। कह दूँगी कि इसका चाल-चलन ठीक नहीं।”
माँ हैरान रह गईं। सीमा भी वहाँ आ गई और सब देख-सुनकर रो पड़ी।
अंकित वर्मा एक रचनात्मक और जिज्ञासु कंटेंट क्रिएटर हैं। पिछले 3 वर्षों से वे डिजिटल मीडिया से जुड़े हैं और Tophub.in पर बतौर लेखक अपनी खास पहचान बना चुके हैं।
लाइफस्टाइल, टेक और एंटरटेनमेंट जैसे विषयों में विशेष रुचि रखते हैं।